Tuesday, April 6, 2010

आओ राजा- राजा खेलें

चलो आज राजा-राजा खेलते हैं,
चलो ठीक है , मैं पहले राजा था इसीलिए मैं राजा बनूँगा
और तुम तो हमेशा से प्रजा थे सो तुम प्रजा,
किस दुनिया में हो प्रजातंत्र है इसीलिए
अब प्रजा ही राजा होती है इसीलिए में ही राजा बनूँगा.
चलो ठीक है लेकिन किसी को बताना नहीं की
में खेल खेल में एक बार प्रजा हुआ था .....

3 comments:

Suman said...

nice

ख़बर आज की said...

Persai ji aapki is pratibha kaa pahle pata nahin tha. aapne aadhunik 'PERSAI' ki kami ko pura kiyaa hai.

खबरची said...

kaviver parsai..harisanker parsai se aapka gahra rishta lagta he